जानिए कब शुरू हो रही है चैत्र नवरात्रि, कैसे करें पूजा और कलश स्थापना

रत्नेश कुमार मिश्र Edited by: [डेस्क] नई दिल्ली
March 15, 2018 2:59 pm

चैत्र नवरात्रि 18 मार्च से शुरू हो रही है. मां के भक्त नवरात्रि की तैयरियों में जुट गये हैं. नवरात्रि के 9 दिन देवी के अलग अलग रूपों की पूजा होगी. 9 देवियां आपको 9 वरदान देंगी. हम आपको नवरात्रि की तैयारियों और कलश स्थापना के बारे में बताएंगे. मां के 9 रूपों की महिमा भी बताएं.

 

चैत्र नवरात्रि की खास बातें
– ये चैत्र शुक्ल पक्ष की वासंतिक नवरात्रि है
– इसे शक्ति पैदा करने की नवरात्रि भी कहा जाता है
– इस बार ये नवरात्रि 18 मार्च से शुरू होगी
– इसका समापन रामनवमी के साथ 25 मार्च को होगा
– इस बार की नवरात्रि आठ दिन की होगी

 

नवरात्रि के 9 दिन देवी उपासना के लिए विशेष माने गए हैं. कुछ लोग 9 दिन व्रत और पूजन करते हैं. इसकी शुरुआत होती है शुभ मुहूर्त में कलश स्थापना से.

 

कलश स्थापना का मुहूर्त
– कलश की स्थापना चैत्र शुक्ल प्रतिपदा को की जाती है
– कलश स्थापना का अभिजित मुहूर्त सुबह 11:36 से दोपहर 12:24 तक रहेगा
– इसके अलावा एक और शुभ मुहूर्त सुबह 8:58 बजे से सुबह 10:54 बजे तक का है

 

कलश स्थापना के नियम
– कलश स्थापना के लिए सबसे पहले पूजा स्थल को शुद्ध कर लें
– एक लकड़ी का पटरा रखकर उसपर लाल रंग का कपड़ा बिछाएं
– एक मिट्टी के पात्र में जौ बोना चाहिए
– इस पात्र पर जल से भरा हुआ कलश स्थापित करना चाहिए
– कलश के मुख को ढक्कन से ढंक देना चाहिए
– ढक्कन पर चावल भर देना चाहिए
– एक नारियल को कलश के ढक्कन पर रखना चाहिए
– अंत में दीप जलाकर कलश की पूजा करनी चाहिए

 

नवरात्र में देवी पूजा के लिए जो कलश स्थापित किया जाता है. वो सोना, चांदी, तांबा, पीतल या मिट्टी का ही होना चाहिए. लोग अपने सामर्थ्य अनुसार कलश की स्थापना करते हैं. साल में नवरात्रि दो बार आती है. पहला चैत्र में और दूसरा शारदीय नवरात्रि. नवरात्र में कलश स्थापना के साथ नवरात्रि का पूजन शुरू होगा. 25 मार्च को रामनवमी मनाई जाएगी.

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